NEET-UG 2006 पेपर लीक मामलें में CBI ने दाखिल की चार्जशीट,13 आरोपी न्यायिक हिरासत में

नई दिल्ली। केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने NEET-UG 2026 पेपर लीक मामले में 13 गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर दी है। आरोपियों पर आपराधिक साजिश, धोखाधड़ी, आपराधिक विश्वासघात, सबूत नष्ट करने, भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम तथा पब्लिक एग्जामिनेशन (प्रिवेंशन ऑफ अनफेयर मीन्स) एक्ट, 2024 के तहत विभिन्न धाराओं में आरोप लगाए गए हैं। सभी 13 आरोपी फिलहाल न्यायिक हिरासत में हैं।
CBI ने बताया कि चार्जशीट में 360 गवाह, 422 दस्तावेज और 43 भौतिक साक्ष्य शामिल किए गए हैं। मामले की जांच 12 मई 2026 को उच्च शिक्षा विभाग, भारत सरकार की शिकायत के बाद शुरू हुई थी। शिकायत में 3 मई 2026 को आयोजित NEET-UG परीक्षा में प्रश्नपत्र लीक होने और अनियमितताओं का आरोप लगाया गया था।
जांच एजेंसी ने FIR दर्ज करने के तुरंत बाद 72 अधिकारियों और 8 साइबर फॉरेंसिक विशेषज्ञों की कई टीमें गठित कीं। महाराष्ट्र, राजस्थान, हरियाणा, दिल्ली सहित विभिन्न राज्यों के 92 स्थानों पर छापेमारी की गई, जहां से डिजिटल उपकरण, संचार डिवाइस और महत्वपूर्ण दस्तावेज बरामद किए गए।
CBI के अनुसार, जांच के दौरान प्रश्नपत्र लीक के स्रोत से लेकर लाभार्थी अभ्यर्थियों तक पूरी कड़ी का पता लगाया गया। इस मामले में पहली गिरफ्तारी 13 मई 2026 को हुई थी।
जांच में सामने आया कि गिरफ्तार 13 आरोपियों में राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) के रसायन विज्ञान, जीव विज्ञान और भौतिकी विषय के तीन विशेषज्ञ भी शामिल हैं। इनके अलावा प्रश्नपत्र हासिल कर उसे आगे पहुंचाने वाले कई बिचौलियों और दो कोचिंग संस्थानों से जुड़े लोगों को भी गिरफ्तार किया गया है।
CBI ने बताया कि धन के लेन-देन की जांच के दौरान आरोपियों के कई बैंक खाते, बैंक लॉकर और एक डीमैट खाता फ्रीज किया गया है। डिजिटल फॉरेंसिक जांच, हस्तलेखन विशेषज्ञों और शैक्षणिक विशेषज्ञों की रिपोर्ट ने परीक्षा से पहले लीक प्रश्नपत्रों के प्रसार में आरोपियों की भूमिका की पुष्टि की है।
एजेंसी ने कहा कि मामले की आगे भी जांच जारी है और दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी।




